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27 साल तक जेल में रहने के बाद निर्दोष साबित हुआ युवक, हैरान करने वाला वाकया

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27 साल तक जेल में रहने के बाद निर्दोष साबित हुआ युवक, हैरान करने वाला वाकया: दुनियाभर में कानून से न्याय मिलने में देरी के चौका देने वाले मामले आए दिन सामने आते रहते है| एक ऐसा ही हैरान करने वाला केस बांग्लादेश में सामने आया है| यहाँ पर एक युवक अपनी जिंदगी के 27 साल जेल में गुजर दिए| अब अदालत ने मुफिजुर रहमान को दोषमुक्त कर दिया है| ऐसी केस में एक अन्य युवक को भी बरी किया गया है, जिसकी जेल में ही मौत हो चुकी है|

27 साल तक जेल में रहने के बाद निर्दोष साबित हुआ युवक, हैरान करने वाला वाकया

बता दें की साल 1986 में शारशा पुलिस ने दो लोगो को गिरफ्तार किया था| उस समय बांग्लादेश राइफल्स के लांस नायिक आमिर अली ने गिरफ्तार हुए इन दोनों ही व्यक्ति के खिलाफ भारत से जानवरों की अवैध तस्करी के आरोप में इनके खिलाफ केस दर्ज किया था| स्थानीय अदालत ने तब इस केस की सुनवाई करते हुए मुफिजुर और कादिर को पांच साल कैद की सज़ा सुनाई थी| इसके बाद साल 1987 में हाई कोर्ट में एक याचिका दाखिल की थी|

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याचिका दायर करने के बाद भी किसी प्रकार की मदद नहीं मलने के बाद दोनों ने पांच साल की सजा को साल 1991 में पूरा कर जेल से बाहर आ गए| लेकिन फिर भी इनकी मुश्किलें खत्म नहीं हुई| उसी साल स्थानीय अदालत के सभी केस को खत्म कर, सभी केस को ढाका हाई कोर्ट में पेश किया गया| हाई कोर्ट में ये केस लम्बे समय तक अटका पड़ा रहा| सुप्रीम कोर्ट की कानूनी सहायता वाली समिति ने हाई कोर्ट के सामने सुनवाई के लिए अपील की।

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हाईकोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान जस्टिस रियाजुल हक की पीठ ने मंगलवार (20 मार्च, 2018) को अपने फैसले में दोनों अभियुक्तों को सभी आरोपों से बरी करने का फैसला सुनाया। सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट की कानूनी सहायता वाली समिति के वकील कुमार देबुल्दे ने हाईकोर्ट में कहा, ‘अभियोजन पक्ष यह साबित करने में असफल रहा कि मुफिजुर और कादिर ने भारत से जानवरों की तस्करी करने में शामिल थे।’

कोर्ट के फैसले के बाद कुमार देबुल्दे ने बांग्लादेशी वेबसाइट डेली स्टार बात की और बताया की, ‘दोनों कोर्ट में निर्दोष साबित हो चुके हैं जबकि वो पूर्व में पांच साल की सजा भी काट चुके थे, लेकिन फिर भी उन्हें 27 सालों तक जेल में रहना पड़ा।’ अदालत के सामने मामला 27 सालों तक विचारधीन पड़ा रहा।’